Likhe Jo Khat Tujhe Lyrics

लिखे जो ख़त तुझे, वो तेरी याद में हज़ारों रंग के नज़ारे बन गये

सवेरा जब हुआ, तो फूल बन गये जो रात आई तो सितारे बन गये

कोई नग्मा कहीं गूंजा, कहा दिल ने ये तू आई

कहीं चटकी कली कोई, मैं ये समझा तू शरमाई

कोई खुशबू कहीं बिखरी, लगा ये जुल्फ लहराई

लिखे जो खत तुझे, वो तेरी याद में

हज़ारों रंग के नज़ारे बन गये